रायपुर २७ जुलाई – हिंदू जनजागृति समिति एवं पू. शदाणी दरबार तीर्थ रायपूर के संयुक्त तत्वाधान में यहाँ पू. शदानी दरबार तीर्थ रायपुर में छत्तीसगढ़ राज्यस्तरीय हिन्दुराष्ट्र अधिवेशन का आयोजन किया गया था |
पु शदानि दरबार के पू. युधिष्ठिरलाल महाराज, पाटेश्वर धाम के संस्थापक पू. राम बालकदास महाराज, महामंडलेश्वर सर्वेश्वर दास महाराज, हिन्दु जनजागृति समिति के महाराष्ट्र एवं छत्तीसगढ़ संगठक श्री. सुनील घनवट, स्वा. सावरकर जी के प्रपौत्र श्री. रणजीत सावरकर सहित अनेक साधू संत एवं मान्यवर उपस्थित थे | छत्तीगढ़ राज्य के मुख्यमंत्री मा. श्री. विष्णुदेव साय भी इस अधिवेशन में उपस्थित थे |

श्री. सुनील घनवट जी ने इस अधिवेशन में संबोधित करते हुए कहा की आज छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद तो धीरे धीरे कम हो रहा है परन्तु अर्बन नक्सलवाद आजभी इस देश को हमारेही बिच रहकर दीमक की तरह खाए जा रहा है | धर्मान्तरण आज भी बड़ी तेजी से बढ़ रहा है | धर्मान्तरण करने वाली शक्तिया और नक्सलवादी शक्तिया एकही है | इसलिए धर्मान्तरण पर पूर्ण रोक लगानेकी आवश्यकता है | और धर्मान्तरण विरोधी कठोर कानून लागू कर उसे कड़ाई से अमल में लाने की आवश्यकता है | दूसरी और लव जिहाद, गो हत्या, हलाल जिहाद आदि अनेक समस्याए पुरे देश में विकराल रूप में कड़ी है, इन सभी समस्याओ पर हमेशा हमेशा के लिए समाधान चाहिए तो हमें भारत को संवैधानिक रूप से हिन्दू राष्ट्र घोषित करने की अवश्यकता है |

स्वा. सावरकर स्मारक के कार्याध्यक्ष एवं स्वा. सावरकरजी के पौत्र जी का सम्मान इस अधिवेशन में हिन्दू जनजागृति समिति, पू. शदानी दरबार तीर्थ एवं उपस्थित संत समाज की और से किया गया | सनातन संस्था के संत पू. अशोक पात्रीकर जी द्वारा उन्हें भगवान् श्रीकृष्ण जी की प्रतिमा भेट दी गयी | श्री. रणजीत सावरकर जी ने हलाल सर्टिफिकेट के विरुद्ध महाराष्ट्र में ॐ सार्टिफिकेट जारी कर एक प्रभावी मुहीम छेड़ी है | इस ॐ सर्टिफिकेट द्वारा उन्होंने हलाल की दादागिरी को तगड़ा प्रतिरोध निर्माण किया है | इस ॐ सर्टिफिकेट को छत्तीसगढ़ में भी लागु करने की आवश्यकता है ऐसा अधिवेशन को संबोधित करते समय उन्होंने कहा |

मा. मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय जी ने अधिवेशन को संबोधित करते हुए संतोके चरणों में कृतज्ञता व्यक्त की, एवं राज्य में नक्सल समस्या को तय समय मर्यादा में समूल नष्ट करने का दृढनिश्चय व्यक्त किया | धर्मान्तरण की बढ़ती भीषण समस्या के समाधान हेतु राज्य सरकार कटिबद्ध है और आने वाले समय में धर्मान्तरण विरोधी एक कड़ा कानून लागू करने की बात कही |

अधिवेशन में धर्मान्तरण कानून की आवश्यकता इस विषय पर एक परिसंवाद का आयोजन किया गया था जिसमे श्री. सुनील घनवट, सुदर्शन के पत्रकार श्री. योगेश मिश्र, पूर्व आयजी श्री. सुशिल द्विवेदी, अधिवक्ता श्री. आशीष शर्मा, श्री. कमल बिस्वाल इन मान्यवरोंने संबोधित किया एवं उपस्थित धर्मनिष्ठ हिन्दुओ के शंकाओ का समाधान किया | सभी ने यह कानून लागू होने तक कार्य करते रहने का विश्वास व्यक्त किया |

अधिवेशन में निम्नलिखित प्रस्ताव पारित किये गए
१) छत्तीसगढ़ में धर्मान्तरण विरोधी कानून तत्काल लागू हो |
२) अवैध बंगलादेशी घूसखोरो पर कड़ी करवाई कर उन्हें देश से बहार निकला जाये |
३) गोरक्षको पर दायर झूठे मुक़दमे तत्काल निरस्त कर उन्हें सुरक्षा प्रदान की जाये |
४) हिन्दुओ के सभी मंदिर सरकारी अधिग्रहण से मुक्त कर भक्तों को सौपे जाये |
इस अधिवेशन में छत्तीसगढ़ के विविध हिन्दू संगठनो के २५० से अधिक प्रतिनिधि, अनेक संत महंत, हिंदुत्वनिष्ठ मान्यवर, व्यापारी, वकील सहित राजनेता भी उपथित थे | इस समय धर्मशिक्षा देनेवाली फलक प्रदर्शनी का आयोजन किया गया था | साथही धर्म, अध्यात्म, आयुर्वेद, राष्ट्ररक्षा विषयी ग्रंथो की प्रदर्शनी भी लगायी गयी थी |
विशेष प्रतिसाद :
१) उपस्थित हिन्दुओ ने धर्मरक्षा हेतु सप्ताह एक बार एकत्रित आने का निश्चय किया |
२) जागृत हिन्दुओ को धर्मशिक्षा मिले इस हेतु साप्ताह में एक बार धर्मशिक्षा वर्ग में आने की इच्छा व्यक्त की |
