नवा रायपुर, 23 मई (विशेष संवाददाता)। नवा रायपुर को विश्वस्तरीय शहर बनाना प्राथमिकता, तय समयसीमा में पूरे हों निर्माण कार्य: वित्त मंत्री ओपी चौधरी
छत्तीसगढ़ के वित्त मंत्री श्री ओपी चौधरी ने आज नवा रायपुर में चल रहे विभिन्न महत्वपूर्ण विकास कार्यों का जमीनी निरीक्षण किया। उन्होंने निर्माण स्थलों का दौरा कर प्रगति की समीक्षा की और अधिकारियों को कड़ी चेतावनी दी कि सभी परियोजनाओं में उच्च गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखा जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि विकास कार्यों में किसी भी प्रकार की देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी और सभी कार्य तय समयसीमा के भीतर अनिवार्य रूप से पूरे किए जाएं।

अधोसंरचना और जनसुविधाओं पर विशेष जोर
वित्त मंत्री ने नवा रायपुर के व्यापक दौरे के दौरान कई प्रमुख बुनियादी ढांचा परियोजनाओं का बारीकी से अवलोकन किया। उन्होंने यातायात को सुगम बनाने के लिए निर्माणाधीन रेलवे ओवर ब्रिज और सेक्टर-10 की सड़कों का निरीक्षण किया। इसके साथ ही, कामकाजी महिलाओं की सुरक्षा और सुविधा के लिए बन रहे हॉस्टल तथा श्रमिकों के लिए बनाए जा रहे श्रमिक कैंप की प्रगति की भी जानकारी ली।

डिजिटल, प्रशासनिक और खेल अधोसंरचना को मिलेगी मजबूती
शहर के व्यावसायिक और प्रशासनिक विकास को गति देने के लिए वित्त मंत्री ने सीबीडी आईटी बिल्डिंग, कम्पोजिट आयोग भवन, एनटीपीसी कार्यालय एवं ऑडिटोरियम भवन का निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि इन परियोजनाओं के पूरा होने से नवा रायपुर में डिजिटल और प्रशासनिक सेवाओं का तेजी से विस्तार होगा। खेल प्रतिभाओं को बढ़ावा देने और शहर में राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय स्तर के आयोजनों के लिए स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स और फेयर ग्राउंड स्टेशन के निर्माण कार्यों की भी समीक्षा की गई।

पर्यावरण संरक्षण और हरियाली का अनूठा मॉडल
नवा रायपुर को पर्यावरण के अनुकूल (इको-फ्रेंडली) शहर के रूप में स्थापित करने के लिए वित्त मंत्री ने पर्यावरण संरक्षण परियोजनाओं पर विशेष ध्यान दिया। उन्होंने प्रवासी पक्षियों के लिए बनाए जा रहे ‘नेस्टिंग आइलैंड’ और पीपल गार्डन शहरी वन (‘पीपल कुंज’) का अवलोकन किया। श्री चौधरी ने कहा कि आधुनिक विकास के साथ-साथ प्रकृति का संतुलन बनाए रखना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
नियमित मॉनिटरिंग और जनसुविधा सर्वोच्च
निरीक्षण के बाद अधिकारियों की बैठक लेते हुए श्री ओपी चौधरी ने कहा, “नवा रायपुर को एक आधुनिक, सुव्यवस्थित और विश्वस्तरीय सुविधाओं से युक्त शहर के रूप में विकसित किया जा रहा है। इसके लिए सभी अधोसंरचना परियोजनाओं को पूरी पारदर्शिता, गुणवत्ता और समयबद्धता के साथ पूरा करना आवश्यक है।” उन्होंने वरिष्ठ अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे निर्माण कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग (समीक्षा) करें और जनसुविधा को हर निर्णय में सर्वोच्च प्राथमिकता दें।
