रायपुर 19 मई । छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कांग्रेस पार्टी पर तीखा हमला बोलते हुए कहा है कि कांग्रेस के नेता झूठ बोलने में माहिर हैं और उन्होंने झूठ बोलने में ‘पीएचडी’ कर रखी है। मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि यदि कांग्रेस सरकार ने राज्य में नक्सलवाद को खत्म करने के लिए गंभीरता से काम किया होता, तो आज छत्तीसगढ़ की स्थिति बहुत बेहतर होती।
मुख्यमंत्री साय ने केंद्र सरकार की मंशा का हवाला देते हुए कहा कि केंद्र की यह प्रबल इच्छा थी कि जिस तरह देश के अन्य राज्यों में नक्सलवाद पूरी तरह समाप्त या बेहद कम हुआ है, उसी तरह छत्तीसगढ़ से भी इसका खात्मा हो। लेकिन तत्कालीन कांग्रेस सरकार ने इस दिशा में केंद्र को कोई सहयोग नहीं दिया।
- कांग्रेस पर निशाना: मुख्यमंत्री ने कांग्रेस नेताओं पर जनता को गुमराह करने और लगातार झूठ बोलने का आरोप लगाया।
- नक्सलवाद पर लापरवाही: उन्होंने कहा कि पिछले वर्षों में कांग्रेस ने नक्सल मोर्चे पर जरूरी गंभीरता और दृढ़ इच्छाशक्ति नहीं दिखाई।
- केंद्रीय सहयोग की अनदेखी: मुख्यमंत्री के अनुसार, केंद्र सरकार छत्तीसगढ़ को नक्सल मुक्त बनाने के लिए पूरी तरह तैयार थी, लेकिन राज्य की तत्कालीन कांग्रेस सरकार ने कदम से कदम नहीं मिलाया।
- विकास में बाधा: नक्सलवाद को बढ़ावा देने या उस पर ढुलमुल नीति अपनाने के कारण राज्य के बस्तर जैसे आदिवासी क्षेत्रों का विकास प्रभावित हुआ।
राजनीतिक गलियारों में हलचल
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के इस सीधे और तीखे हमले के बाद प्रदेश की राजनीति गरमा गई है। भाजपा जहां इसे कांग्रेस की विफलताओं को उजागर करने वाला बयान बता रही है, वहीं कांग्रेस की ओर से भी इस पर पलटवार की उम्मीद है। साय सरकार लगातार यह दावा कर रही है कि उनके सत्ता में आने के बाद से नक्सल विरोधी अभियानों में तेजी आई है और सुरक्षा बल लगातार नक्सलियों के गढ़ में घुसकर कार्रवाई कर रहे हैं।
