विशेष संवाददाता
बेमेतरा/रायपुर, 1 जून 2026। सांस्कृतिक धरोहर की अनूठी मिसाल: बैलगाड़ी पर निकली बारात, विधायक दीपेश साहू ने सादगी से रचाई शादी
मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना सामाजिक समरसता और समानता का सबसे बड़ा माध्यम: मुख्यमंत्री
बेमेतरा में सामूहिक विवाह का ऐतिहासिक आयोजन: मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने नवविवाहित जोड़ों को दिया आशीर्वाद
छत्तीसगढ़ के बेमेतरा में आज मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के तहत एक ऐतिहासिक और भव्य सामूहिक विवाह समारोह संपन्न हुआ। इस गरिमामय आयोजन में प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय विशेष रूप से शामिल हुए। मुख्यमंत्री ने समारोह में परिणय सूत्र में बंधे सभी नवविवाहित जोड़ों को अपनी शुभकामनाएं दीं और उनके सुखद, समृद्ध तथा मंगलमय वैवाहिक जीवन की कामना की।

इस सामूहिक विवाह समारोह की सबसे बड़ी विशेषता यह रही कि बेमेतरा के स्थानीय विधायक श्री दीपेश साहू भी इसी मंच पर आम जोड़ों के साथ वैवाहिक बंधन में बंधे। उन्होंने छत्तीसगढ़ की पारंपरिक संस्कृति को जीवंत करते हुए बैलगाड़ी पर अपनी बारात निकाली, जो पूरे प्रदेश में चर्चा का विषय बनी हुई है।

बेटियां हमारा गौरव, योजना संवेदनशीलता का प्रतीक: मुख्यमंत्री
समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने कहा कि ‘मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना’ केवल एक सरकारी कार्यक्रम नहीं है, बल्कि यह समाज में समानता, सामाजिक समरसता, सादगी और सकारात्मक मूल्यों को सशक्त करने का एक प्रभावी माध्यम बन चुकी है।

मुख्यमंत्री ने कहा, “यह योजना हमारी बेटियों के सम्मान, सुरक्षा और उनके उज्ज्वल भविष्य को सुनिश्चित करने की दिशा में राज्य सरकार की संवेदनशीलता को दर्शाती है। सीमित संसाधनों वाले परिवारों के लिए यह योजना एक बड़ा संबल है, जो उन्हें बिना किसी आर्थिक मानसिक तनाव के गरिमापूर्ण और सम्मानजनक विवाह का अवसर प्रदान करती है।” उन्होंने आगे जोड़ते हुए कहा कि विवाह केवल दो व्यक्तियों का मिलन नहीं है, बल्कि यह दो परिवारों, संस्कृतियों और हमारी सामाजिक जड़ों का संगम है।
विधायक दीपेश साहू की सादगी की मुख्यमंत्री ने की खुलकर तारीफ
समारोह के दौरान मुख्यमंत्री श्री साय ने बेमेतरा विधायक श्री दीपेश साहू के सामूहिक विवाह मंच पर शादी करने के निर्णय की जमकर सराहना की। उन्होंने कहा कि एक जनप्रतिनिधि और सार्वजनिक जीवन में रहने वाले व्यक्ति द्वारा इस तरह सादगीपूर्ण तरीके से सामूहिक विवाह का हिस्सा बनना पूरे समाज के लिए एक प्रेरणादायी संदेश है।

मुख्यमंत्री ने विधायक द्वारा बैलगाड़ी पर बारात निकालने के निर्णय को अनुकरणीय बताते हुए कहा, “विधायक श्री साहू ने हमारी समृद्ध लोक परंपराओं और सांस्कृतिक जड़ों को जो सम्मान दिया है, वह प्रशंसनीय है। यह इस बात का सीधा प्रमाण है कि हम आधुनिक जीवनशैली और बड़े राजनैतिक दायित्वों के बीच रहकर भी अपनी माटी, अपनी संस्कृति और पारंपरिक सामाजिक मूल्यों से मजबूती के साथ जुड़े रह सकते हैं।”
प्रभु श्री राम से सुख-समृद्धि की कामना
मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने सभी नवदंपतियों को जीवन के इस नए सफर की शुरुआत पर ढेरों आशीष दिए। उन्होंने कहा कि वैवाहिक जीवन की नींव आपसी विश्वास, प्रेम, सम्मान और सहयोग पर टिकी होती है। मुख्यमंत्री ने छत्तीसगढ़ के आराध्य प्रभु श्री राम से प्रार्थना करते हुए सभी जोड़ों के जीवन में सुख, शांति और अटूट समृद्धि की कामना की और उम्मीद जताई कि ये सभी जोड़े समाज के सामने एक आदर्श परिवार का उदाहरण पेश करेंगे।
इस भव्य आयोजन में स्थानीय जनप्रतिनिधि, शासन-प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी, वर-वधू पक्ष के हजारों परिजन और बड़ी संख्या में आम नागरिक उपस्थित थे। पूरा पंडाल छत्तीसगढ़ी लोक गीतों और विवाह के पारंपरिक मांगलिक मंत्रोच्चार से गुंजायमान रहा।
