रायपुर 28 जून । छत्तीसगढ़ में समान नागरिक संहिता (UCC) लागू करने की दिशा में विष्णु देव साय सरकार ने एक बहुत बड़ा और निर्णायक कदम उठा दिया है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आधिकारिक घोषणा करते हुए कहा है कि राज्य में यूसीसी (UCC) को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए एक विशेष कमेटी का गठन कर दिया गया है।

यह कमेटी राज्य के सभी नीतिगत और सामाजिक पहलुओं का अध्ययन कर अपनी विस्तृत रिपोर्ट सरकार को सौंपेगी, जिसके आधार पर छत्तीसगढ़ में कानून लागू किया जाएगा।
सभी वर्गों की आम सहमति से बनेगा कानून
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने साफ किया कि सरकार किसी भी वर्ग पर एकतरफा फैसला नहीं थोपेगी। उन्होंने कहा, “यह कमेटी छत्तीसगढ़ के सभी समाज, समुदायों और वर्गों के प्रबुद्ध लोगों से सीधा संपर्क साधेगी। उनके विचारों, सुझावों और चिंताओं को करीब से जानेगी।” सरकार का मुख्य उद्देश्य एक ऐसी सर्वसमावेशी रिपोर्ट तैयार करना है, जिसमें सभी वर्गों के अधिकारों का सम्मान हो और किसी के साथ अन्याय न हो।
रिपोर्ट के बाद छत्तीसगढ़ में लागू होगा UCC
सीएम साय ने स्पष्ट रोडमैप साझा करते हुए बताया कि कमेटी की रिपोर्ट आने के बाद ही छत्तीसगढ़ में समान नागरिक संहिता को कानूनी रूप दिया जाएगा। इस कानून के लागू होने से विवाह, तलाक, संपत्ति के अधिकार और उत्तराधिकार जैसे संवेदनशील मामलों में सभी नागरिकों के लिए एक समान नियम लागू होंगे।
राजनैतिक और सामाजिक हलचल तेज
मुख्यमंत्री के इस ‘दमदार’ ऐलान के बाद छत्तीसगढ़ के सियासी और सामाजिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है। जानकारों का मानना है कि साय सरकार का यह फैसला राज्य के विकास और सामाजिक सुधारों की दिशा में एक मील का पत्थर साबित हो सकता है। कमेटी के गठन के साथ ही अब प्रशासन रिपोर्ट तैयार करने के लिए आगे की रणनीतियों में जुट गया है।
