रायपुर 14 मई । केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का 18 और 19 मई को छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित बस्तर संभाग का दो दिवसीय महत्वपूर्ण प्रवास संभावित है। इस हाई-प्रोफाइल दौरे को लेकर राज्य शासन और पुलिस प्रशासन ने बड़े पैमाने पर तैयारियां और सुरक्षा इंतजाम शुरू कर दिए हैं।
📌 सुरक्षा और विकास कार्यों की होगी समीक्षा
- हाई-लेवल मीटिंग: अमित शाह बस्तर में नक्सल मोर्चे पर तैनात सुरक्षा बलों के आला अधिकारियों के साथ उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक करेंगे।
- रणनीति पर मंथन: हाल के दिनों में सुरक्षा बलों को मिली बड़ी सफलताओं के बाद आगे की रणनीति और नक्सल विरोधी अभियानों की गति बढ़ाने पर चर्चा होगी।
- विकास योजनाओं का जायजा: केंद्रीय गृह मंत्री अंदरूनी क्षेत्रों में चल रहे विकास कार्यों, सड़कों के निर्माण और नए सुरक्षा कैंपों की स्थापना की प्रगति की समीक्षा करेंगे।
🛡️ सुरक्षा के अभूतपूर्व इंतजाम
- कड़ा पहरा: बस्तर संभाग के सभी संवेदनशील जिलों में सुरक्षा व्यवस्था बेहद सख्त कर दी गई है।
- ड्रोन से निगरानी: संभावित सभा स्थलों और संवेदनशील इलाकों की ड्रोन कैमरों के जरिए लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है।
- अतिरिक्त बल तैनात: दौरे के मद्देनजर सीआरपीएफ (CRPF), कोबरा (CoBRA) और स्थानीय पुलिस बल को अलर्ट मोड पर रखा गया है।
🗺️ स्थानीय प्रशासन अलर्ट
- तैयारियां तेज: बस्तर कमिश्नर और आईजी लगातार सुरक्षा और प्रोटोकॉल से जुड़ी तैयारियों की कमान संभाले हुए हैं।
- मिनट-टू-मिनट कार्यक्रम: स्थानीय प्रशासन गृह मंत्रालय से अंतिम मिनट-टू-मिनट कार्यक्रम की आधिकारिक पुष्टि का इंतजार कर रहा है ताकि व्यवस्थाओं को अंतिम रूप दिया जा सके।
बस्तर में लगातार कम होते नक्सल प्रभाव के बीच केंद्रीय गृह मंत्री का यह संभावित दौरा सुरक्षा बलों का मनोबल बढ़ाने और क्षेत्र में शांति बहाली के प्रयासों को तेज करने के लिहाज से बेहद अहम माना जा रहा है।
