रायपुर, 14 मई 2026: बस्तर संभाग के सुदूर वनांचल गांवों के विकास को नई रफ्तार देने के लिए आज मंत्रालय महानदी भवन में एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। मुख्य सचिव श्री विकासशील की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में ‘नियद नेल्लानार योजना’ के अंतर्गत अब तक हुए कार्यों की प्रगति का मूल्यांकन किया गया। इसके साथ ही अधिकारियों ने आगामी रणनीति और ‘नियद नेल्लानार योजना 2.0’ की कार्ययोजना पर विस्तार से विचार-विमर्श किया।

बुनियादी सुविधाओं और व्यक्तिमूलक योजनाओं का मिल रहा सीधा लाभ
बैठक में मुख्य सचिव ने बताया कि इस योजना के माध्यम से बस्तर के सबसे अंदरूनी और सुदूर क्षेत्रों तक बिजली की लाइनें सफलतापूर्वक पहुंचाई गई हैं। इसके तहत ग्रामीणों को मुख्य लाभ मिल रहे हैं:

- निःशुल्क बिजली: प्रभावित गांवों में मुक्त बिजली कनेक्शन प्रदान किए गए हैं।
- सौर ऊर्जा: दूरदराज के क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर सोलर लाइटें लगाई गई हैं।
- रोजगार व आवास: मनरेगा के माध्यम से स्थानीय लोगों को रोजगार और प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत पक्के मकान उपलब्ध कराए गए हैं।
- शासकीय योजनाएं: वनांचल के ग्रामीणों को अब सीधे उनके गांव में राशनकार्ड, उज्जवला गैस कनेक्शन और बैंक पासबुक जैसी बुनियादी सुविधाएं मिल रही हैं।
दो वर्षों में हुआ अभूतपूर्व विकास
समीक्षा बैठक में योजना के तहत पिछले दो वर्षों के भीतर बस्तर संभाग में बुनियादी ढांचे और जनसुविधाओं में आए क्रांतिकारी बदलावों के आंकड़े प्रस्तुत किए गए:
- शिक्षा: क्षेत्र में 5,016 प्राथमिक शालाएं शुरू की गईं।
- पोषण व बाल विकास: 8,947 नए आंगनबाड़ी केन्द्र खोले गए।
- स्वास्थ्य: चिन्हित ग्रामों में ‘आयुष्मान मंदिर’ (स्वास्थ्य केंद्र) बनाकर ग्रामीणों तक चिकित्सा सुविधाएं पहुंचाई गईं।
- कनेक्टिविटी: कुल 3,056 गांवों में पहली बार मोबाइल नेटवर्क पहुंचाया गया।
- सड़कें: बस्तर संभाग की 85 प्रतिशत बसाहटों को बारहमासी पक्की सड़कों से जोड़ा जा चुका है।
परिवहन क्षेत्र में बड़ी क्रांति
मुख्यमंत्री बस सेवा योजना के जरिए बस्तर के सुदूर अंचलों की दूरी को कम किया गया है। वर्तमान में संभाग के 50 विभिन्न मार्गों पर 52 बसों का सुचारू संचालन किया जा रहा है। इस पहल की सबसे बड़ी उपलब्धि यह रही कि क्षेत्र के 425 गांवों में इतिहास में पहली बार बस सेवाएं प्रारंभ की गई हैं, जिससे ग्रामीणों का ब्लॉक और जिला मुख्यालयों तक आना-जाना सुगम हुआ है।
नियद नेल्लानार योजना 2.0 की तैयारी
समीक्षा के दौरान अधिकारियों ने भावी योजनाओं को लेकर ‘नियद नेल्लानार योजना 2.0’ के प्रारूप और कार्ययोजना पर विस्तृत चर्चा की। मुख्य सचिव ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि विकास की इस गति को बनाए रखते हुए शेष बचे क्षेत्रों को भी जल्द से जल्द सभी बुनियादी सुविधाओं से संतृप्त किया जाए।
इस महत्वपूर्ण बैठक में पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग की अपर मुख्य सचिव श्रीमती ऋचा शर्मा, सचिव श्री भीम सिंह, मनरेगा आयुक्त श्री तारण प्रकाश सिन्हा सहित ग्रामीण विकास व अन्य संबद्ध विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
