विशेष संवाददाता, रायपुर 23 जून।
खनिज माफिया पर साय सरकार का बड़ा प्रहार: तीन जिलों में छापेमारी, 7 वाहन जब्त; टीम से बदसलूकी करने वालों पर FIR
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के निर्देश पर केंद्रीय उड़नदस्ता और जिला प्रशासन की संयुक्त कार्रवाई, अंबिकापुर में टीम को धमकी देने वाले आरोपियों पर कड़ी धाराओं में मामला दर्ज

- सख्त रुख: मुख्यमंत्री ने कहा- अवैध खनन और शासकीय कार्य में व्यवधान किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं।
- बड़ी कार्रवाई: मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर, सूरजपुर और सरगुजा जिलों में जांच अभियान।
- जब्ती: चूना पत्थर और रेत का अवैध परिवहन करते 7 हाइवा और टिप्पर पकड़े गए।
- कानूनी एक्शन: अधिकारियों को चमकाने और गाली-गलौज करने वाले वाहन मालिकों व चालकों पर गांधीनगर थाने में प्राथमिकी दर्ज।

- छत्तीसगढ़ में अवैध उत्खनन, परिवहन और भंडारण के खिलाफ राज्य सरकार ने अब तक की सबसे बड़ी घेराबंदी शुरू कर दी है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में खनिज विभाग ने माफियाओं के खिलाफ अभियान को और तेज कर दिया है। इसी कड़ी में बीते सोमवार (22 जून) को प्रदेश के तीन प्रमुख जिलों में व्यापक जांच अभियान चलाकर अवैध खनिजों से लदे 7 भारी वाहनों को जब्त किया गया है। वहीं अंबिकापुर में जांच टीम के साथ बदसलूकी और शासकीय कार्य में बाधा डालने वाले रसूखदारों के खिलाफ भी एफआईआर दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।

इन तीन जिलों में चली ताबड़तोड़ छापेमारी
संचालक भौमिकी एवं खनिकर्म तथा केंद्रीय खनि उड़नदस्ता प्रभारी श्री रजत बंसल के निर्देशन में केंद्रीय खनि उड़नदस्ता और संबंधित जिला प्रशासन की संयुक्त टीमों ने शिकायतों के आधार पर यह औचक कार्रवाई की:
- मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर: जिले के बरबसपुर क्षेत्र में दबिश देकर टीम ने निम्न श्रेणी चूना पत्थर (Limestone) से लदे 2 बड़े हाइवा वाहनों को पकड़ा।
- सूरजपुर: लटोरी क्षेत्र में रेत का अवैध परिवहन करता 1 हाइवा और खड़गवां इलाके में 1 टिप्पर को खनिज अधिनियम के तहत जब्त किया गया।
- सरगुजा: सकालो और अंबिकापुर क्षेत्र में अवैध रूप से रेत ले जा रहे 3 टिप्परों पर कार्रवाई कर उन्हें कस्टडी में लिया गया।

सभी वाहनों को खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) अधिनियम, 1957 के कड़े प्रावधानों के तहत जब्त कर स्थानीय थानों की सुरक्षा में सौंप दिया गया है।
अधिकारियों को दी धमकी, पुलिस ने दर्ज की FIR
कार्रवाई के दौरान सरगुजा के अंबिकापुर स्थित गांधी चौक क्षेत्र में उस वक्त तनाव की स्थिति निर्मित हो गई, जब जांच कर रही टीम को रोकने का प्रयास किया गया। वाहन मालिक, चालक और उनके सहयोगियों ने न सिर्फ सरकारी काम में व्यवधान डाला, बल्कि अधिकारियों के साथ अभद्र व्यवहार, गाली-गलौच और उन्हें गंभीर अंजाम भुगतने की धमकी भी दी।
प्रशासन ने इस घटना को बेहद गंभीरता से लिया है। शासकीय टीम पर दबाव बनाने और कानून हाथ में लेने के आरोप में संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न गंभीर धाराओं के तहत थाना गांधीनगर में नामजद प्राथमिकी (FIR) दर्ज कराई गई है।
‘अवैध संरक्षण देने वाले भी नहीं बचेंगे’ – खनिज विभाग
खनिज विभाग के उच्च अधिकारियों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यह अभियान अभी थमेगा नहीं, बल्कि आने वाले दिनों में इसे और अधिक आक्रामक बनाया जाएगा। विभाग ने साफ किया है कि कानून का उल्लंघन करने वाले, सरकारी अमले को डराने-धमकाने वाले या पर्दे के पीछे से इन अवैध गतिविधियों को संरक्षण देने वाले सफेदपोशों के विरुद्ध भी कठोरतम कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
