विशेष संवाददाता
रायपुर, 2 जुलाई 2026। मुख्यमंत्री के निर्देश पर ‘जीरो टॉलरेंस’ एक्शन: छत्तीसगढ़ में अवैध खनन माफिया पर बड़ा हंटर, राजनांदगांव में ₹18 लाख से ज्यादा का जुर्माना
छत्तीसगढ़ में अवैध खनिज उत्खनन, परिवहन और भंडारण करने वाले माफियाओं के खिलाफ राज्य सरकार ने चौतरफा सर्जिकल स्ट्राइक शुरू कर दी है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के कड़े निर्देशों के बाद खनिज विभाग ने पूरे प्रदेश में एक व्यापक और सतत विशेष अभियान छेड़ दिया है। शासन की ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति के तहत विभिन्न जिलों में खनिज, पुलिस और राजस्व विभाग की संयुक्त टीमों ने ताबड़तोड़ छापेमारी की। इस कार्रवाई में अवैध रेत, पत्थर, मिट्टी, मुरूम और गिट्टी के काले कारोबार में लिप्त दर्जनों वाहनों और भारी मशीनों को रंगे हाथों जब्त किया गया है। सरकार का साफ संदेश है कि प्रदेश के प्राकृतिक संसाधनों की लूट किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

नए नियमों से टूटेगी माफिया की कमर, लगेगा भारी जुर्माना
राज्य सरकार ने अवैध खनन पर लगाम लगाने के लिए नियमों को बेहद सख्त कर दिया है। अब पकड़े जाने पर माफियाओं की जेब ढीली होना तय है। संशोधित छत्तीसगढ़ गौण खनिज नियम, 2015 के तहत अब शमन शुल्क (Penalty) के रूप में न्यूनतम 25 हजार रुपये अथवा 2 हजार रुपये प्रति टन (दोनों में से जो भी राशि अधिक होगी) वसूल की जाएगी। इसके अलावा, जब्त किए गए खनिज का पूरा बाजार मूल्य भी आरोपियों से वसूला जाएगा। खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) अधिनियम, 1957 के तहत दोषियों के खिलाफ कठोर वैधानिक और दंडात्मक कार्रवाई शुरू कर दी गई है।

राजनांदगांव: 52 मामलों में ₹18.95 लाख का हर्जाना
खनिज माफिया के खिलाफ सबसे बड़ी कार्रवाई राजनांदगांव जिले में देखने को मिली है। चालू वित्तीय वर्ष 2026-27 में अब तक विभाग ने अवैध रेत उत्खनन, परिवहन और भंडारण के कुल 52 बड़े मामलों का भंडाफोड़ किया है।
- वसूली: पकड़े गए आरोपियों से अब तक कुल 18 लाख 95 हजार 600 रुपये का अर्थदंड वसूला जा चुका है।
- मामलों का वर्गीकरण: कुल मामलों में अवैध उत्खनन के 9, अवैध परिवहन के 41 और अवैध भंडारण के 2 संगीन प्रकरण शामिल हैं।
- डोंगरगढ़ में सख्ती: डोंगरगढ़ तहसील के ग्राम आसरा में नदी क्षेत्र का आकस्मिक निरीक्षण किया गया। मानसून को देखते हुए यहाँ रेत उत्खनन पूरी तरह प्रतिबंधित पाया गया, जिसके चलते फिलहाल मौके पर कोई अवैध गतिविधि नहीं मिली।
बालोद: अवैध पत्थर खदान पर छापा, ‘चैन माउंटेन’ मशीन सील
बालोद जिले के ग्राम कसही में खनिज विभाग की टीम ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। यहाँ बिना किसी लीज और अनुमति के धड़ल्ले से भारी पत्थरों का अवैध उत्खनन किया जा रहा था। मौके पर कार्रवाई करते हुए टीम ने एक विशालकाय चैन माउंटेन (पीसी-130-7) मशीन को जब्त कर सील कर दिया। संबंधित पक्ष मौके पर खनन से जुड़े कोई भी वैध दस्तावेज और रॉयल्टी पर्ची प्रस्तुत नहीं कर सका।
बलरामपुर: फ्लाई ऐश ब्रिक्स प्लांट में अवैध रेत का जखीरा जब्त
बलरामपुर जिले के राजपुर क्षेत्र में भी खनिज विभाग का डंडा चला है।
- वाहन जब्त: ग्राम नरसिंहपुर और बसंतपुर में घेराबंदी कर अवैध रूप से रेत ले जा रहे एक भारी-भरकम टिपर को जब्त किया गया।
- अवैध भंडारण: बसंतपुर में संचालित एक फ्लाई ऐश ब्रिक्स (ईंट) इकाई पर अचानक छापा मारा गया। यहाँ बिना किसी वैध कागजात के लगभग 90 घनमीटर रेत का अवैध भंडारण पाया गया। विभाग ने पूरी रेत को जब्त कर प्लांट संचालक को कारण बताओ नोटिस जारी किया है।
सरगुजा: शिकायतों पर त्वरित एक्शन, जेसीबी और ट्रैक्टरों समेत 6 वाहन सील
सरगुजा जिले में ग्रामीणों और मुखबिरों से मिल रही लगातार शिकायतों के बाद खनिज अमला सक्रिय हुआ। विभिन्न संवेदनशील इलाकों में दबिश देकर अवैध मिट्टी, मुरूम, रेत और गिट्टी के अवैध धंधे पर रोक लगाई गई। इस छापेमारी में अवैध परिवहन और खुदाई में लगी जेसीबी, ट्रैक्टर और टिपर सहित कुल छह वाहनों को रंगे हाथों पकड़कर पुलिस कस्टडी में भेज दिया गया है।
